रायपुर। कई राज्यों में हाई-प्रोफाइल चोरियों को अंजाम देने वाले शातिर नकबजन लोकेश श्रीवास उर्फ गोलू को पुलिस ने गिरफ्तार कर बड़ी कामयाबी हासिल की है। आरोपी पर देशभर में ज्वेलरी शॉप्स और दुकानों में सेंधमारी कर भारी मात्रा में सोना–ज्वेलरी और नगदी पार करने के आरोप हैं। पुलिस के अनुसार, हजारों सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी विश्लेषण के आधार पर उसकी पहचान पुख्ता की गई।
ऐसे खुली कड़ी
रायपुर के सिविल लाइन इलाके में 31 जनवरी–1 फरवरी की दरम्यानी रात तीन दुकानों के छप्पर तोड़कर कुल करीब 7 लाख रुपये नगदी चोरी हुई थी। मामले में रायपुर पुलिस ने अपराध दर्ज कर जांच शुरू की। वारदात के तरीके, फुटेज और पुराने रिकॉर्ड खंगालने पर संदेह लोकेश श्रीवास पर गया, जो हाल ही में जेल से छूटा था। संयुक्त टीम ने ट्रैक कर उसे दबोच लिया।
कबूलनामे में कई राज्यों के केस
पूछताछ में आरोपी ने दर्जनभर से ज्यादा वारदातों में संलिप्तता स्वीकारी है। उस पर
आंध्र प्रदेश (विजयनगर) में करीब 6 किलो सोना,
ओडिशा में लगभग 500 ग्राम सोना,
दिल्ली में करीब 18.5 किलो ज्वेलरी,
छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव, कबीरधाम, दुर्ग, रायपुर और बिलासपुर में ज्वेलरी/दुकानों में करोड़ों की चोरी
जैसे मामलों के आरोप हैं।
हालिया वारदातें
पुलिस के मुताबिक, बिलासपुर जेल से रिहा होने के बाद आरोपी ने अगले ही दिन रायपुर के सिविल लाइन और मौदहापारा क्षेत्र में छत तोड़कर चोरी की घटनाएं कीं। मौदहापारा में ऑटोमोबाइल दुकान में सेंधमारी का केस भी दर्ज है।
बरामदगी और कार्रवाई
गिरफ्तारी के समय आरोपी के पास से 79,500 रुपये नगद और घटना से जुड़े मोबाइल फोन बरामद किए गए। आगे अन्य मामलों की कडिय़ाँ जोडऩे और चोरी की संपत्ति की रिकवरी के लिए विस्तृत पूछताछ जारी है। वरिष्ठ अधिकारियों की निगरानी में एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट व थाना सिविल लाइन की संयुक्त कार्रवाई से यह गिरफ्तारी संभव हुई।





